सुझाव

हम होना जो चाहते हो तो मैं मैं करना बंद करो
दिल में रहना चाहते हो तो ख़ुद में रहना बंद करो

सरल नहीं होता है समर्पण ख़ुदको प्रेम में कर देना
दूर सफ़र जो करना संग है ख़ुदसे थोड़ा द्वन्द करो

ये आयेगा वो जाएगा कब तक ऐसे काम चलेगा
मुझको पहनों मुझको ओढ़ो मेरे ही पाबंद रहो

This Post Has 2 Comments

  1. Bahut khoob

    1. Thanks 🙂

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